प्रकाश संश्लेषण (Photosynthesis)
प्रकाश संश्लेषण वह प्रक्रिया है जिसके द्वारा हरे पौधे सूर्य के प्रकाश की उपस्थिति में जल और कार्बन डाइऑक्साइड से अपना भोजन (ग्लूकोज़) बनाते हैं और ऑक्सीजन मुक्त करते हैं। यह क्रिया पत्तियों में उपस्थित पर्णहरित (क्लोरोफिल) की सहायता से होती है।
प्रकाश संश्लेषण की प्रमुख घटनाएँ
प्रकाश संश्लेषण एक ही चरण में पूरा नहीं होता। इसमें कई घटनाएँ क्रम से होती हैं, और ज़रूरी नहीं कि वे एक ही समय पर हों।
- क्लोरोफिल द्वारा प्रकाश ऊर्जा का अवशोषण।
- प्रकाश ऊर्जा का रासायनिक ऊर्जा में रूपांतरण तथा जल के अणुओं का हाइड्रोजन और ऑक्सीजन में अपघटन।
- कार्बन डाइऑक्साइड का कार्बोहाइड्रेट में अपचयन।
कच्चा माल कहाँ से आता है
पौधा प्रकाश संश्लेषण के लिए आवश्यक पदार्थ अलग-अलग स्रोतों से लेता है।
- कार्बन डाइऑक्साइड — पत्तियों के रंध्रों (stomata) से।
- जल तथा खनिज — जड़ों द्वारा मिट्टी से, जो जाइलम से पत्तियों तक पहुँचते हैं।
- प्रकाश ऊर्जा — सूर्य से।
रंध्र और उनका नियंत्रण
रंध्र पत्ती की सतह पर उपस्थित सूक्ष्म छिद्र हैं जिनसे गैसों का आदान-प्रदान होता है। इनके खुलने और बंद होने को द्वार कोशिकाएँ (guard cells) नियंत्रित करती हैं।
जब द्वार कोशिकाओं में जल भरता है तो वे फूल जाती हैं और रंध्र खुल जाता है; जल कम होने पर वे सिकुड़ती हैं और रंध्र बंद हो जाता है। इससे पौधा वाष्पोत्सर्जन द्वारा होने वाली जल-हानि को नियंत्रित करता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्रकाश संश्लेषण क्या है?
प्रकाश संश्लेषण वह प्रक्रिया है जिसमें हरे पौधे सूर्य के प्रकाश, जल और कार्बन डाइऑक्साइड का उपयोग करके क्लोरोफिल की सहायता से ग्लूकोज़ (भोजन) बनाते हैं और ऑक्सीजन छोड़ते हैं।
प्रकाश संश्लेषण का समीकरण क्या है?
6CO₂ + 6H₂O —(सूर्य का प्रकाश, क्लोरोफिल)→ C₆H₁₂O₆ + 6O₂ । अर्थात् कार्बन डाइऑक्साइड और जल से ग्लूकोज़ और ऑक्सीजन बनते हैं।
प्रकाश संश्लेषण के लिए क्या-क्या आवश्यक है?
इसके लिए चार चीज़ें आवश्यक हैं — सूर्य का प्रकाश, क्लोरोफिल (पर्णहरित), कार्बन डाइऑक्साइड और जल। कार्बन डाइऑक्साइड रंध्रों (stomata) से और जल जड़ों द्वारा प्राप्त होता है।
प्रकाश संश्लेषण कहाँ होता है?
यह मुख्यतः पत्तियों की कोशिकाओं में उपस्थित हरितलवक (क्लोरोप्लास्ट) में होता है, जिनमें हरा वर्णक क्लोरोफिल पाया जाता है।